The Journalist News (Lucknow): घर बनाने का सपना देख रहे लोगों के लिए अच्छी खबर है। उत्तर प्रदेश आवास विकास परिषद की बहुप्रतीक्षित सौमित्र विहार आवासीय योजना अब अगस्त 2026 में लॉन्च होने जा रही है। करीब दो वर्षों के इंतजार के बाद योजना को अंतिम रूप दिया जा रहा है और इसके लिए रियल एस्टेट रेगुलेटरी अथॉरिटी (RERA) में पंजीकरण का प्रस्ताव भी भेज दिया गया है। योजना के पहले चरण में करीब 2,200 भूखंडों के लिए पंजीकरण शुरू किया जाएगा। परिषद का अनुमान है कि इस परियोजना से लगभग एक लाख लोगों को आवासीय सुविधा का लाभ मिलेगा। योजना को आवास विकास बोर्ड से भी मंजूरी मिल चुकी है।
दो साल बाद पूरी हुई लॉन्च की तैयारी
आवास विकास परिषद ने करीब दो वर्ष पहले 560 एकड़ क्षेत्रफल में फैली इस आवासीय योजना को मंजूरी दी थी। यह परियोजना मोहनलालगंज के न्यू जेल रोड क्षेत्र में विकसित की जा रही है और इसे दो चरणों में पूरा किया जाएगा। योजना को पहले पिछले वर्ष जनवरी में लॉन्च करने की तैयारी थी, लेकिन जमीन के दाखिल-खारिज की प्रक्रिया पूरी न होने के कारण इसे टालना पड़ा। अब यह प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और योजना की राह में मौजूद कानूनी बाधाएं भी समाप्त हो गई हैं।

किसानों को दिए गए विकसित भूखंड
परिषद ने इस परियोजना के लिए लैंड पूलिंग नीति के तहत किसानों से जमीन ली थी। इसके बदले किसानों को तय नियमों के अनुसार विकसित भूखंड आवंटित कर दिए गए हैं। इसके बाद अब परियोजना को आगे बढ़ाने में कोई कानूनी अड़चन नहीं बची है। आवास विकास परिषद के सचिव नीरज शुक्ला के अनुसार, रेरा पंजीकरण के लिए लगभग एक सप्ताह पहले आवेदन किया जा चुका है। यह प्रक्रिया करीब 21 दिनों में पूरी होने की उम्मीद है। इसके बाद अगस्त में योजना का पंजीकरण आम लोगों के लिए खोल दिया जाएगा।
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एलडीए से सस्ती होगी जमीन
इस योजना की सबसे बड़ी खासियत इसकी किफायती कीमत है। परिषद के अनुसार यहां जमीन की कीमत करीब 2,500 रुपये प्रति वर्गफुट प्रस्तावित है। यह दर लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) की आसपास की परियोजनाओं की तुलना में कम होगी। इसका प्रमुख कारण यह है कि इस योजना के लिए जमीन लैंड पूलिंग मॉडल के तहत प्राप्त की गई है, जिससे परिषद को जमीन खरीदने के लिए अलग से कर्ज नहीं लेना पड़ा। योजना के पास ही एलडीए की आईटी सिटी योजना भी स्थित है, जहां प्रस्तावित दर करीब 4,000 रुपये प्रति वर्गफुट बताई जा रही है। हालांकि उस योजना का पंजीकरण अभी शुरू नहीं हुआ है।
आधुनिक सुविधाओं के साथ विकसित होगी योजना
सौमित्र विहार योजना को आधुनिक टाउनशिप के रूप में विकसित किया जाएगा। तैयार लेआउट के अनुसार इसमें कुल 15 सेक्टर होंगे। पहले चरण में सेक्टर 3A और 3B में भूखंडों का विकास किया जा रहा है। योजना में 9, 12, 18 और 24 मीटर चौड़ी सड़कें बनाई जाएंगी, जो लखनऊ की वृंदावन योजना की तर्ज पर विकसित होंगी। यह परियोजना मोहारी कला, सिठौली कला और सिठौली खुर्द गांवों की जमीन पर विकसित की जा रही है।
एक नजर में योजना
- आवासीय भूखंड: 2,092
- व्यावसायिक भूखंड: 169
- भूखंड का आकार: 40 से 300 वर्ग मीटर
- कुल क्षेत्रफल: 560 एकड़
- पहले चरण में पंजीकरण: लगभग 2,200 भूखंड
- प्रस्तावित दर: करीब ₹2,500 प्रति वर्गफुट
इस योजना के शुरू होने से लखनऊ में किफायती दरों पर आवासीय भूखंड खरीदने के इच्छुक लोगों को एक नया विकल्प मिलेगा।
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