The Journalist News (Lucknow): रसोइए के साथ कथित मारपीट और तीन दिन तक बंधक बनाकर रखने के आरोपों के बीच भारतीय क्रिकेटर Shashank Singh ने पहली बार अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि उनके घर के अंदर किसी भी तरह की मारपीट, गाली-गलौज या गैरकानूनी व्यवहार नहीं हुआ। शशांक सिंह ने कहा कि जिस व्यक्ति ने खुद को रसोइया बताया था, वह वास्तव में खाना बनाना नहीं जानता था और बाद में उसने स्वयं भी यह बात स्वीकार की थी।
‘वह रसोइया नहीं था’
शशांक सिंह ने कहा कि सबसे पहले वह यह स्पष्ट करना चाहते हैं कि संबंधित व्यक्ति रसोइया नहीं था। उनके अनुसार, वह खुद को रसोइया बताकर घर आया था, लेकिन जब उससे खाना बनाने के लिए कहा गया तो उसने स्वीकार कर लिया कि उसे खाना बनाना नहीं आता। उन्होंने कहा कि बाद में उस व्यक्ति ने स्वयं यह माना कि वह कुक नहीं है।

‘घर के अंदर फोटो और वीडियो बना रहा था’
क्रिकेटर ने आरोप लगाया कि वह व्यक्ति घर के अंदर सजावटी सामान, कमरों और अन्य हिस्सों की तस्वीरें और वीडियो बना रहा था। शशांक सिंह के मुताबिक, इससे उन्हें संदेह हुआ कि भविष्य में यह मामला चोरी या सुरक्षा से जुड़ी किसी समस्या का रूप ले सकता है। इसी कारण उन्होंने उसका मोबाइल फोन देखा, जिसमें उनके घर के अंदर की तस्वीरें और वीडियो मौजूद थे। उन्होंने कहा कि किसी भी परिवार को यह पसंद नहीं आएगा कि कोई अजनबी उसके घर के अंदर की रिकॉर्डिंग करे। इसलिए उससे वे तस्वीरें और वीडियो हटाने के लिए कहा गया।
‘तीन दिन तक बंधक बनाने का आरोप गलत’
शशांक सिंह ने उस आरोप को भी पूरी तरह खारिज किया, जिसमें कहा गया था कि संबंधित व्यक्ति को तीन दिनों तक बंधक बनाकर रखा गया। उन्होंने कहा कि उनका परिवार एक प्रतिष्ठित परिवार है और ऐसा कृत्य करने का सवाल ही नहीं उठता। उन्होंने कहा कि वह पूरे विश्वास के साथ कह सकते हैं कि उनके घर में किसी को बंधक नहीं बनाया गया।
‘घर से जाते समय मोबाइल उसके पास था’
क्रिकेटर ने बताया कि जब वह व्यक्ति उनके घर से गया, तब उसका मोबाइल फोन उसी के पास था। उन्होंने कहा कि यदि घर से निकलने के बाद उसके साथ कहीं बाहर कोई झगड़ा हुआ हो या किसी ने उसके साथ मारपीट की हो, तो उसके लिए उन्हें जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि यदि कोई व्यक्ति बाहर जाकर किसी अन्य स्थान पर मारपीट का शिकार हो और बाद में उनके घर पर आरोप लगा दे, तो वह सही नहीं होगा।
‘घर के अंदर न गाली-गलौज हुई, न मारपीट’
शशांक सिंह ने दोहराया कि उनके घर के अंदर न तो किसी के साथ गाली-गलौज की गई और न ही किसी प्रकार की शारीरिक मारपीट हुई। उन्होंने कहा कि यदि कोई व्यक्ति उन्हें झूठे मामले में फंसाने की कोशिश कर रहा है या उसके पीछे कोई अन्य उद्देश्य है, तो उसका जवाब वही व्यक्ति दे सकता है। उनका दावा है कि उनके परिवार ने कोई गैरकानूनी काम नहीं किया।
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