The Journalist News (Lucknow): अंतरराष्ट्रीय मादक द्रव्य दुरुपयोग एवं अवैध तस्करी विरोधी दिवस (International Day Against Drug Abuse) के अवसर पर तमिलनाडु सरकार ने नशा मुक्त समाज का संदेश देने के लिए एक विशेष जागरूकता अभियान का आयोजन किया। इस अवसर पर तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने “Start Run, Stop Drugs” जागरूकता दौड़ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अभियान का उद्देश्य युवाओं और आम नागरिकों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना तथा समाज को नशामुक्त बनाने के लिए सामूहिक भागीदारी को बढ़ावा देना है।
नशा मुक्त समाज का दिया संदेश
चेन्नई में आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने कहा कि नशे की लत केवल व्यक्ति ही नहीं, बल्कि पूरे परिवार और समाज को प्रभावित करती है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे स्वस्थ जीवनशैली अपनाएं और नशे से दूर रहें। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार नशे के खिलाफ जागरूकता फैलाने और युवाओं को सही दिशा देने के लिए लगातार अभियान चला रही है।

बड़ी संख्या में लोगों ने लिया हिस्सा
इस जागरूकता दौड़ में विभिन्न सरकारी विभागों के अधिकारी, छात्र-छात्राएं, खिलाड़ी, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि और आम नागरिक बड़ी संख्या में शामिल हुए। प्रतिभागियों ने हाथों में जागरूकता संदेश वाले बैनर और पोस्टर लेकर लोगों को नशे से दूर रहने का संदेश दिया।
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युवाओं पर विशेष फोकस
सरकार का मानना है कि नशे की रोकथाम में युवाओं की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण है। इसलिए इस अभियान के माध्यम से स्कूलों, कॉलेजों और शैक्षणिक संस्थानों में भी जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, समय रहते जागरूकता और सही मार्गदर्शन से युवाओं को नशे की गिरफ्त में आने से बचाया जा सकता है।
अंतरराष्ट्रीय दिवस का महत्व
हर वर्ष 26 जून को संयुक्त राष्ट्र के आह्वान पर अंतरराष्ट्रीय मादक द्रव्य दुरुपयोग एवं अवैध तस्करी विरोधी दिवस मनाया जाता है। इसका उद्देश्य नशीले पदार्थों के दुरुपयोग और अवैध तस्करी के खिलाफ वैश्विक स्तर पर जागरूकता बढ़ाना है। दुनिया के कई देशों की तरह भारत में भी इस दिन विभिन्न जागरूकता कार्यक्रम, रैलियां, मैराथन और जनसंपर्क अभियान आयोजित किए जाते हैं।
समाज की भागीदारी जरूरी
मुख्यमंत्री ने कहा कि केवल सरकार के प्रयास पर्याप्त नहीं हैं। परिवार, शिक्षण संस्थान, सामाजिक संगठन और आम नागरिकों को भी इस अभियान में सक्रिय भागीदारी निभानी होगी। उन्होंने कहा कि यदि समाज मिलकर प्रयास करे तो आने वाली पीढ़ी को नशे की लत से बचाया जा सकता है और एक स्वस्थ एवं सुरक्षित भविष्य का निर्माण किया जा सकता है।
स्वस्थ भारत की दिशा में पहल
“Start Run, Stop Drugs” अभियान को राज्य सरकार की सामाजिक जागरूकता पहलों का महत्वपूर्ण हिस्सा माना जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के सार्वजनिक कार्यक्रम लोगों में सकारात्मक संदेश फैलाने और नशा विरोधी जन आंदोलन को मजबूत बनाने में प्रभावी भूमिका निभाते हैं।
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